13 December 2017 00:00:00 AM Breaking News
मानसिकता में बदलाव लाएंगे तभी मिटेगी कुरीतियां-ब्रिजेशआंध्रप्रदेश पुलिस की गोलियों से एक की मौत दूसरा घायलअगला सीएम अशोक या सचिन 18 दिसंबर को हो जायेगा फैसलामंत्री के आदेश, नर्मदा नहर परियोजना के टेण्डर घोटालों की जांच खुद कलक्टर करेंगेकलक्टरों को दिये अधिकार, अधिनस्थ अफसरों को कर सकेंगे दण्डितबालोतरा मे उजागर हुआ लाखों का पेशाब घोटाला!सांचोर विधायक ने लगाया बलात्कार प्रकरण मे बदनामी का षडत्रयंत्र रचने का आरोपकांग्रेस के सभापति ने राज्य मंत्री के भाई को किया मालामाल!पूर्व आयुक्त श्रवण विश्नोई की करतूत, फर्जी चिट्ठी भेज हांसिल की मंजूरीऔर.. जज साहब हैरान रह गये कि 8 वीं के 1 भी स्टूडेंट को नही आया 8 का पहाड़ाकलक्टर हुए सख्त, नही चल सकेंगे अवैध बार, 25 लाख से अधिक के हर एक निर्माण पर रखेंगे निगरानीराजस्थान के मंत्री भी अब आरटीआई के दायरे मे, देनी होगी सूचनाएंः आयोगदो बेटियों के संग मां ने टांके मे कूद दी जानपूर्व सीएम गहलोत ने की जोधपुर हादसे की रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांगबलात्कार मामले मे अहम फैसला, कमजोर नो का मतलब यस भी होता हैंसांचोर। नशे की आदत ने मफाराम को बनाया शातिर चोर, पुलिस ने दबोचातख्तगढ नपा चेयरमेन को धमकी देकर रिश्वत लेते दो पार्षद गिरफ्तारबुढापे के मंत्र की आड़ मे टिकट कटी तो बीजेपी के इन विधायकों को मिलेगी रेस्ट!पूर्व मुख्यमंत्री ने की पुलिस आयुक्त सहित निकम्मे अफसरों को हटाने की मांगजालोर के 170 गांवों मे पानी नही, कलक्टर सख्त, अधिकारी बेपरवाह निकलेमानवेन्द्र के पुराने दिन लौटेंगे , राजपूतों से सुलह को बेकरार भाजपापालिकाओं के हफ्ते की किश्तें जयपुर तक पहुंचती हैं!पुलिस की तहकीकात मे निकली सामूहिक दुष्कर्म की कहानी झूठीजेल मे वर्षो से बंद कैदियों की हाईकोर्ट से जल्द मिलेगा इंसाफचुनाव से ठीक पहले कांग्रेस ने मृदरेखा से छीना पद, आखिर कौन हैं इसके पीछे!ट्रेक्टर ट्रोली के चेम्बर मे छुपा रखे थे डेढ सौ किलो डोडा पोस्तदूसरी कक्षा की बच्ची से दुष्कर्म की आशंका, प्रशासन के होश उड़ेसुलह हुई, शव लिया,जांच का दिया भरोसाजालोर: अय्याशी थानेदार ने फिर कलंकित किया खाकी को!कलक्टर के लिए असली पीए क्यों नही?डीआरडीए का बाबू 14 साल से पीएचोहटन:दुष्कर्म प्रकरण, 1 आरोपी गिरफ्तार, वार्ता जारीरिश्वत मे अस्मत मांगने वाला थानेदार निलम्बितआईटी के राडार पर हैं 257 विधायक, 26 सांसद और 11 राज्यसभा सांसदगलत कानूनी राय देने पर वकील पर नही हो सकती एफआईआरभारतीय सेनाएं हर स्थिति से निपटने को तैयार: रक्षा मंत्रीकलक्टर की गालियों से नाखूश उनके ही बाबू उतरे हड़ताल परआखिर प्रियंका क्यों कटी रहती हैं बीजेपी के असली कार्यकर्ताओं से?70 साल की वकालत से रिटायर हुए प्रख्यात वकील राम जेठमलानीफर्जी बाबाओं की सूची मे आसाराम और बेटा नारायण सांई भी शामिलश्रीमती राजे को मिला ’बेस्ट चीफ मिनिस्टर ऑफ द ईयर’ का स्कॉच अवार्डजज नही लगाये तो केन्द्र के मुकदमों की सुनवाई नहीजीरा मंडी के दुकानों के आवंटन का मामला, हाईकोर्ट मे हुई सुनवाईनगरपरिषद के तत्कालीन आयुक्त की कारस्तानी, लाखों का किया गोलमालडीएलबी दबाने मे लगी हैं आईएएस के चचेरे भाई की नौकरी का मामलाएनआरएचम मे 5 करोड़ का घोटाला, दागी काट रहे हैं चांदीन्यायमूर्ति गोविन्द माथुर इसी माह इलाहबाद मे लेंगे शपथ?क्या कर्नल तलाश रहे हैं अपने राजनीतिक वारिश की सीट!

कांग्रेस के सभापति ने राज्य मंत्री के भाई को किया मालामाल!

नगरपरिषद मे 98 लाख के टेण्डर का घपला उजागर
बाड़मेर। काली करतूतों पर पर्दा डाले रखने के लिए कांग्रेस शासित बाड़मेर नगरपरिषद बोर्ड के सभापति ने राज्य मंत्री का दर्जा प्राप्त बीजेपी नेता असरफ अली के भाई की फर्म को एक झटके मे मालामाल कर दिया। उससे वसूले जाने वाले करीबन 10 लाख रूपये नियम कायदों को ताक मे रख कर रिफण्ड कर दिये। पूरा मामला सामने आने के बाद सभापति कागजों मे हेराफेरी करने मे जुट गया हैं। इधर इसी मामले मे तत्कालीन आयुक्त श्रवण विश्नोई ने पूरे मामले मे सैकण्ड लाॅवेस्ट ठेकेदार कंपनी को भी सौदेबाजी कर बिना परर्फोमेन्स गारंटी राशि जमा किए ही कार्यादेश जारी कर दिये।
क्या हैं मामला
नगरपरिषद बाड़मेर ने लक्ष्मी सिनेमा से विवेकानंद सर्किल तथा रायकाॅलोनी स्कूल से कलक्टर निवास तक नाला निर्माण कार्य का टेण्डर जारी किया था। प्रत्येक काम पर 49 लाख रूपये व्यय किये जाने थे। यह दोनों टेण्डर राज्य मंत्री असरफ अली के भाई की फर्म मैसर्स जहूर मोहम्मद खिलजी के नाम प्रचलित बीएसआर रेट से 22.86 प्रतिशत ब्लाॅव दर पर स्वीकृत करते हुए नगरपरिषद के आयुक्त श्रवण विश्नोई ने 11.1.17 को कार्यादेश जारी कर दिये। कार्यादेश के मुताबिक उक्त फर्म को 15 जनवरी 17 से कार्य प्रारंभ कर 14 जुलाई 17 तक पूरे करने थे। लेकिन मंत्री के भाई की यह फर्म काम करने मे विफल रही।
इसके बाद नगरपरिषद के सभापति एवं आयुक्त ने मंत्री के भाई की फर्म को उपकृत कर अनुचित लाभ पहुंचाने की नीयत से उसके द्वारा जमा करवाई गई परर्फोमेंन्स राशि करीबन 9 लाख रूपये वापस लौटाने के आदेश कर दिये। जबकि कायदे से उक्त परफर्मोन्स राशि मे 10 प्रतिशत रिस्क एण्ड काॅस्ट की राशि जब्त की जानी थी। नगरपरिषद ने दबाव मे आकर सिर्फ मंत्री के भाई की फर्म की 2 प्रतिशत धरोहर राशि ही जब्त करने के आदेश दे दिये।
फिर खेला नियम विरूद्व बड़ा खेल
इसके बाद नगरपरिषद के सभापति एवं आयुक्त ने उक्त दोनों नाला निर्माण के कार्य सैकण्ड लाॅवेस्ट फर्म को नियम विरूद्व 27.5.17 को कार्यादेश जारी कर दिये। नियमों के तहत प्रथम संवेदक द्वारा कार्यादेश लिये जाने के बाद कोई निर्माण कार्य नही किया जाता हैं तो ऐसे टेण्डर को वापस करने एवं प्रथम संवेदक की धरोहर राशि और रिस्क एण्ड  काॅस्ट पेटे 10 प्रतिशत राशि जब्त की जानी चाहिए थी। 
आश्चर्य तो इस बात का हैं कि नगरपरिषद के आयुक्त ने उक्त करीबन 98 लाख के नाला निर्माण कार्य सैकण्ड लाॅवेस्ट फर्म को बिना नियमों के ही दे दिये और दूसरी बड़ा घालमेल यह किया कि सैकण्ड फर्म से परफोर्मेन्स राशि तक नही ली। ये दोनों कार्य अब पूरे होने को आये हैं। 
यूं चला फाइल मे गेम
नगरपरिषद के आयुक्त ने प्रथम संवेदक मंत्री के भाई की फर्म के नाम 30 मई 17 को 2 प्रतिशत धरोहर राशि जब्त करने एवं 6 महिने के लिए नगरपरिषद से निष्कासित करने के आदेश जारी किए हैं लेकिन उससे 3 दिन पहले ही 27 मई 17 को सैकण्ड लाॅवेस्ट फर्म के नाम कार्यादेश ही जारी कर दिये।